रानीपुर(बहराइच)। जिस प्यार के लिए 12 साल पहले माता-पिता को ठुकरा कर प्रेमी का हाथ थामा था, वही प्रेमी युवती की जान का दुश्मन बन गया। गलत काम कराने के पति के प्रस्ताव का विरोध करने पर सोमवार की रात युवती को जबरन शराब पिलायी गई। फिर पति व परिजनों ने युवती के हाथ-पैर तोड़कर उसे गांव के बाहर झाड़ियों में फेंक दिया। पुलिस ने पीड़िता को जिला अस्पताल में भर्ती कराया है। जहां जुल्म की मारी पीड़िता बदहवास है। बताते चले आजमगढ़ जिले के थाना गिलहरियागंज के बाबापुरवा की रहने वाली 30 वर्षीय पूजा पुत्री रईस अहमद ने बारह साल पहले घरवालों के विरोध के बावजूद रानीपुर थाना क्षेत्र के ग्राम जिगनिया निवासी माधवराज से शादी रचाई थी। माधवराज लखनऊ में रह कर टैम्पो चलाता था। जहां दोनों का प्यार परवान चढ़ा। इसके बाद वे लोग दम्पति के रूप में गांव में रहने लगे। दोनों से दो बच्चे हैं। पीड़िता का कहना है कि आज तक उसके परिजनों को इस बात की जानकारी नहीं है, कि उनकी बेटी जिंदा भी है या नहीं। यदि जिंदा है भी तो किस हालत में और कहां है। प्यार की खातिर उसने मम्मी-पापा को त्याग दिया। वही प्यार आज उसकी जिंदगी का दुश्मन साबित हो गया। उसका आरोप है कि पति व परिजन गलत काम कराने के लिए कई दिनों से उस पर जोर जबरदस्ती कर रहे थे। कई बार मारपीट कर घर से भगा दिया, लेकिन अब बच्चों को लेकर वह जाए भी तो कहां जाए, यह सोचकर वह जुल्म सहती रही। सोमवार को शाम सात बजे जबरन उसे कमरे में बंद कर शराब पिलायी। इसके बाद जमकर पिटाई कर हाथ-पैर की हड्डियां तोड़ दीं। मृत समझ कर रात के अंधेरे में उसे गांव के बाहर झाड़ियों में फेंक दिया गया। कुछ लोगों ने इसकी सूचना यूपी डायल 100 पर पुलिस को दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने उसको बहराइच लाकर जिला अस्पताल में भर्ती कराया। जहां पूजा का इलाज चल रहा है।
प्यार के लिए पूजा बनी फातिमा
बहराइच। पूजा का असली नाम फातिमा है। लेकिन शादी से पहले पति ने नाम बदल कर पूजा कर दिया। पीड़िता का कहना है कि प्यार में उसने पूजा बनना स्वीकार कर लिया। गांव व घर के लोग उसे पूजा के नाम से ही जानते हैं। अब वह अपना दर्द कहे भी तो किससे। माता-पिता को पहले ही छोड़ दिया। अब पति भी धोखेबाज निकला। जिला अस्पताल के बेड पर पड़ी पूजा की स्थिति पति के जुल्मों की कहानी को बयां कर रही है।
क्या कहते है एसओ
दम्पति में मारपीट हुई है। जिला अस्पताल में पीड़िता भर्ती है। तहरीर लेकर मुकदमा दर्ज किया जाएगा।
(विनोद कुमार, एसओ, रानीपुर, बहराइच)

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