प्रतापगढ़। बेसिक शिक्षा कार्यालय स्थित स्थानीय राजा दिनेश सिंह सभागार में तरुण चेतना संस्थान द्वारा तम्बाकू मुक्त विद्यालय पर एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला आयोजित की गयी जिसमें पूरे जिले के खण्ड शिक्षा अधिकारी, एबीआरसी0 व नोडल शिक्षकों ने भाग लिया।
इस अवसर पर खण्ड शिक्षा अधिकारी विमलेश कुमार त्रिपाठी ने कहा कि तम्बाकू का सेवन स्वास्थ्य के हानिकारक है, इससे खुद के साथ साथ अपने स्कूलों को भी मुक्त रखना होगा। उन्होंने कहा कि जब तक बड़े तम्बाकू नहीं छोड़ेगे तब तक नई पीढ़ी में बदलाव नहीं आ सकता क्योंकि बच्चे बड़ों का ही अनुकरण करते है। श्री त्रिपाठी ने नई पीढ़ी को नशे की लत से बचाने के लिए जनपद के स्कूलों को तम्बाकू मुक्त बनाने हेतु सभी शिक्षकों कों आगे आने का आह्वान किया।
इस अवसर पर तरुण चेतना के निदेशक नसीम अंसारी ने बताया कि ध्रूमपान व तम्बाकू का असर रोगों से लड़ने की क्षमता कम होने के कारण बच्चों में ज्यादा होता है। तंबाकू भारत में हर घंटे 137 जिंदगियां लील रहा है। और पूरी दुनिया में देखा जाय तो हर 08 सेकंड पर एक ब्यक्ति की मौत हो रही है। तंबाकू हमारे देश में हर साल बारह लाख लोगों की मौत का वजह बनता है और इससे जीवन के 15 साल कम हो जाते है। भारत में प्रतिवर्ष 5 लाख व्यक्ति धूम्रपान जन्य रोगों से ग्रसित हो जाते हैं।
कार्यक्रम में सहयोगी संस्था सलाम मुम्बई के कार्यक्रम अधिकारी दीपेश ठक्कर ने प्रस्तुतीकरण के माध्यम से बताया कि विश्व स्वास्थ्य संगठन डब्ल्यू़एचओ0 के मुताबिक भारत में प्रतिदिन ढाई हजार और साल में करीब दस लाख लोग तंबाकू जनित बीमारियों से मरते है हैं। उन्होंने ने बताया कि स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार एक सिगरेट जिंदगी के 11 मिनट कम कर देता है। श्री ठक्कर ने पावर प्रजेन्टेशन के माध्यम सें सिगरेट व अन्य कोटपा अधिनियम 2003 पर जानकारी देते हुए तम्बाकू मुक्त विद्यालय के 11 मानकों पर विस्तार से प्रकाश डाला।
कार्यक्रम के अन्त में जिला समन्वयक श्रीकृष्ण विश्वकर्मा नें कहा कि कोटपा एक्ट 2003 के तहत शिक्षण संस्थान के 100 गज के दायरे में तथा 18 वर्ष से कम आयु के बच्चों को या उसके द्वारा तम्बाकू जनित कोई भी पदार्थ बेचना कानूनन अपराध है। प्रशिक्षण में जिला समन्वयक बालिका शिक्षा शंकर सुवन नें सस्था के प्रयासों की सराहना करते हुए सभी अध्यापको से अपने अपने स्कूलों को तम्बाकू मुक्त विद्यालय बनाने की अपील की।
इस अवसर पर कार्यक्रम के समन्वयक सन्तोष कुमार, चाइल्ड लाइन 1098 के कौंसलर मो० शमीम, मैसवा मैन हकीम अंसारी, सरोजा सिह व राकेश गिरि आदि ने अपने विचार व्यक्त किये।




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