Type Here to Get Search Results !

Action Movies

Bottom Ad

BALRAMPUR...गायत्री मंदिर में भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा के मेधावियों का हुआ सम्मान

अखिलेश्वर तिवारी 
जनपद बलरामपुर में भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा वर्ष 2025 का जनपद स्तरीय मेधावी छात्र अलंकरण समारोह स्थानीय गायत्री शक्तिपीठ बलरामपुर के प्रांगण में रविवार शाम आयोजित किया गया।
5 अप्रैल की शाम में आयोजित मेधावी छात्र अलंकरण समारोह कार्यक्रम की शुरुआत मुख्य अतिथि के रूप में एमएलके पीजी कालेज के प्राचार्य प्रोफेसर जे पी पाण्डेय, विशिष्ट अतिथि राज्य समिति सदस्य डॉ अनूप श्रीवास्तव, भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा जिला संयोजक गुलाब चन्द भारती, उप प्रबंध ट्रस्टी डॉ के के राणा, गायत्री परिवार जिला सह संयोजक शिव कुमार सिंह व ट्रस्टी सतीश चन्द्र मिश्रा के सामूहिक गुरु पूजन तथा मीरा मिश्रा, चेतना कुण्ड व राकेश साहू की संगीत टोली के गुरु वंदना के साथ हुआ।
 व्यवस्थापक व ट्रस्टी सतीश चन्द्र मिश्रा तथा उप प्रबंध ट्रस्टी डॉ के के राणा द्वारा मुख्य अतिथि व विशिष्ट अतिथि को तिलक चंदन लगाकर तथा अंग वस्त्र प्रदान करके स्वागत किया गया । भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा के सचिव व परीक्षा व्यवस्थापक शिवकुमार कश्यप ने भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा बलरामपुर की विस्तृत आख्या प्रस्तुत किया और लोगो को परीक्षा की जानकारी दी। 
उन्होंने बताया कि यह परीक्षा कक्षा 5 से डिग्री स्तर तक आयोजित की जाती है। यह परीक्षा 7 नवम्बर वर्ष 2025 में आयोजित की गई थी। इस परीक्षा में कक्षा 5 से लेकर डिग्री स्तर तक जनपद से 150 विद्यालय व महाविद्यालय के 10985 विद्यार्थियों ने प्रतिभाग किया था । कार्यक्रम का संचालन करते हुए श्री दिलीप कुमार श्रीवास्तव जी ने बताया कि जनपद स्तर के कक्षा 5 से डिर्गी स्तर के प्रवीणता क्रम में 14 विद्यालयों के 27 विद्यार्थियों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया किया जायेगा।
भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा के जिला संयोजक गुलाब चन्द भारती ने भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा की आवश्यकता क्यों है इस पर लोगों को बताया, आजकल के बच्चे पाश्चात्य सभ्यता में अपनी संस्कृति को भूलते जा रहे हैं, यह परीक्षा नैतिक मूल्यों का बोध कराता है। विशिष्ट अतिथि डॉ अनुप श्रीवास्तव ने विद्यार्थियों को ध्यान के माध्यम से मन को एकाग्र करने के बारे में बताया । साथ ही एमएलके पीजी कालेज मनोविज्ञान के विभागाध्यक्ष डॉ स्वदेश भट्ट ने अपनी संस्कृति व सभ्यता को जीवंत रखने में गायत्री परिवार की भूमिका को स्पष्ट रूप से बताया। मुख्य अतिथि प्रोफेसर जे पी पाण्डेय ने इस प्रकार के आयोजन के लिए गायत्री परिवार की प्रशंसा की । मुख्य अतिथि, विशिष्ट अतिथि, भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा जिला संयोजक व उप प्रबंध ट्रस्टी द्वारा जनपद स्तर पर प्रथम, द्वितीय व तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को स्मृति चिन्ह वा प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया। पूरे जनपद में सर्वाधिक छात्रों को प्रतिभाग कराने वाले विद्यालयों पी एम श्री जवाहर नवोदय विद्यालय बलरामपुर, सुन्दर दास राम लाल इण्टर कॉलेज बलरामपुर तथा सेण्ट जेवियर्स हायर सेकंडरी स्कूल बलरामपुर के प्रधानाचार्यों को स्मृति चिन्ह प्रदान करके सम्मानित किया गया। पुरस्कार प्राप्त करने वाले में सुमित तिवारी, कृष्ण कुमार, खुशी, अहम, अरुण, अधिराज सिंह, सचिन, साक्षी, तनु सोनी शामिल है। कार्यक्रम के दौरान मीरा मिश्रा, चेतना कुण्ड व राकेश साहू की संगीत टोली ने "भारतीय संस्कृति पहचान हमारी " गीत के माध्यम से बताया कि हमारी संस्कृति संपूर्ण विश्व की सबसे पुरानी संस्कृति है जिसका पूरे विश्व में विशेष पहचान है। अंत में गायत्री शक्तिपीठ व्यवस्थापक सतीश चन्द्र मिश्रा ने मुख्य अतिथि, विशिष्ट अतिथि, संगीत टोली, विद्यार्थियों, अभिभावक, विद्यालयों के प्रधानाचार्य वा शिक्षक बंधु तथा उपस्थित लोगों का स्वागत, धन्यवाद वा आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम को सफलतापूर्वक संपन्न कराने में शिव कुमार कश्यप, राकेश साहू, सुरेश वर्मा आदि का विशेष योगदान रहा। इस दौरान शिव प्रसाद वर्मा, ट्रस्टी विजलेशरी कसेरा, नीरज गुप्ता, जनपद युवा प्रभारी संदीप जायसवाल, शिवकुमार सिंह, परिव्राजक राज करन, शिवाकांत, पूनम श्रीवास्तव, कल्पना व नीलम वर्मा सहित अन्य कई लोग उपस्थित रहे।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ

Below Post Ad

Comedy Movies

5/vgrid/खबरे