सचिव व्यवसायिक शिक्षा ,नोडल अधिकारी द्वारा विद्युत वितरण खण्ड प्रथम के कार्यालय तथा जिला कारागार की मुख्य प्राचीर का निरीक्षण
सुलतानपुर।सचिव व्यवसायिक शिक्षा, उ.प्र. शासन/जनपद नोडल अधिकारी भुवनेश कुमार ने अपने सुलतानपुर भ्रमण के दौरान आज विद्युत वितरण खण्ड प्रथम के कार्यालय तथा जिला कारागार की मुख्य प्राचीर का निरीक्षण किया। सचिव के निरीक्षण के समय जिलाधिकारी हरेन्द्र वीर सिंह तथा मुख्य विकास अधिकारी रामयज्ञ मिश्र उपस्थित थे।सचिव व्यवसायिक शिक्षा ने विद्युत वितरण खण्ड प्रथम के कार्यालय के निरीक्षण के दौरान स्थापना, सेवानिवृत्त अधिकारियों/ कर्मचारियों की पेंशन, जी.पी.एफ. के भुगतान व रिकार्डों का अवलोकन किया। उन्होंने दिनेश गुप्ता तथा राजेश कुमार की सेवा पुस्तिका का भी अवलोकन किया। सभी प्रविष्टियां अद्यतन पायी गयी। पेंशन प्रकरण तथा चिकित्सा प्रतिपूर्ति सम्बन्धी रजिस्टर नहीं बनाया गया था, जिससे ज्ञात किया जा सके कि वर्तमान वित्तीय वर्ष में कितने अधिकारी /कर्मचारी सेवानिवृत्त हो रहे हैं तथा कितने अधिकारियों/कर्मचारियों की चिकित्सा प्रतिपूर्ति भुगतान हेतु पेन्डिंग है। बताया गया कि विद्युत वितरण खण्ड में कुल 850 पेंशनर हैं। मार्च 2016 के बाद सेवानिवृत्त कर्मियों को कोषागार द्वारा पेंशन मिल रही है।सचिव व्यवसायिक शिक्षा ने स्टोर कक्ष सहित लेखा अनुभाग आदि के निरीक्षण के दौरान पाया कि कार्यालय में समुचित सफाई का नितान्त आभाव है। रिकार्डों को सुव्यवस्थित ढंग से नहीं रखा गया है तथा पुराने रिकार्ड जो निष्प्रयोज्य हैं उनकी बीडिंग नहीं करायी गयी है। इस अवसर पर उन्होंने दो उपभोक्ताओं की समस्याओं को भी सुना तथा अधिशाषी अभियन्ता विद्युत को आज ही निराकरण के निर्देश दिये। सचिव ने अधिशाषी अभियन्ता को निर्देशित किया कि वे कार्यालय के विभिन्न कक्षों में समुचित सफाई व्यवस्था सुनिश्चित करायें तथा पुराने रिकार्ड जो निष्प्रयोज्य हैं, उनकी नियामानुसार बीडिंग की कार्यवाही सुनिश्चित करें। उन्होंने अधिशाषी अभियन्ता को शासन के निर्देशानुसार खराब ट्रांसफार्मरों को निर्धारित अवधि में बदलने तथा विद्युत आपूर्ति की व्यवस्था में सुधार के निर्देश दिये। इस अवसर पर अधिशाषी अभियन्ता विद्युत बालकृष्ण प्रजापति ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में 18 घण्टे तथा शहरी क्षेत्र में 24 घण्टे विद्युत की आपूर्ति की जा रही है। विद्युत चोरी के खिलाफ अभियान चलाया गया जिसके अन्तर्गत 201 लोगों के विरूद्ध एफ.आई.आर. दर्ज करायी गयी। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री सौभाग्य योजना के अन्तर्गत विद्युत वितरण खण्ड प्रथम द्वारा 1931 कनेक्शन अभी तक दिये जा चुके हैं तथा पूरे जनपद के सभी खण्डों को मिलाकर सौभाग्य योजना के अन्तर्गत 6788 कनेक्शन दिये गये हैं। उन्होंने बताया कि माह दिसम्बर में 48 ट्रांसफार्मर खराब हुये थे, जिनमें से 46 को बदल दिया गया है, अवशेष दो को यथाशीद्य्र बदलने की कार्यवाही की जा रही है।
सचिव ने अपने भ्रमण के दौरान जिला कारागार की मुख्य प्राचीर का भी निरीक्षण किया। इस प्राचीर की लागत 5 करोड़ 83 लाख है। सम्पूर्ण धनराशि निर्माण एजेन्सी राजकीय निर्माण निगम को प्राप्त हो चुकी है। सम्बन्धित अभियन्ता ने बताया कि अवशेष कार्य यथाशीद्य्र पूर्ण कर लिया जायेगा। सचिव ने जिला कारागार की मुख्य प्राचीर के निर्माण की गुणवत्ता की जांच के लिये तीन अभियन्ताओं की गठित टीम को निर्देशित किया कि वह निर्माण कार्य की गुणवत्ता की जांच कर यथाशीद्य्र अपनी रिर्पोट जिलाधिकारी के माध्यम से उपलब्ध करायें। सचिव के उक्त दोनों कार्यक्रमों के निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी हरेन्द्र वीर सिंह, मुख्य विकास अधिकारी रामयज्ञ मिश्र, अपर पुलिस अधीक्षक सूर्यकांत त्रिपाठी, उपजिलाधिकारी सलिल पटेल, क्षेत्राधिकारी नगर श्यामदेव, जिला सूचना अधिकारी आर.बी.सिंह, प्राचार्य आई.टी.आई. संजय कुमार व सम्बन्धित उपस्थित थे।
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