दिल्ली । अधिवक्ता हितों को सुरक्षित व संरक्षित करते हुए उन्हे विधि व्यवसाय हेतु मूलभूत सुविधाए प्रदत्त कराने का मेरा उद्देश्य है । उक्त बाते बार कौंसिल ऑफ दिल्ली के हो रहे चुनाव मैदान मे उतरी प्रत्याशी अधिवक्ता / समाजसेविका रीता चौधरी से हुई बातचीत के दौरान कही । उन्होने कहा कि यदि अधिवक्ताओं का मतरूपी अर्शीवाद मिला और बार कौसिंल पहुची तो अधिवक्ताओ के हितों के संरक्षण हेतु उनकी आवाज बनकर उभरूंगी जिसकी गूंज सरकार तक पहुचेगी और बार कौसिल ऑफ दिल्ली के साथ - साथ सरकार भी अधिवक्ता हितों को सुरक्षित व संरक्षित करने के लिए प्रतिबद्ब होगी । उन्होने कहा कि हमारा यह विधि व्यवसाय बहुत ही विश्वसनीयता का व्यवसाय है जैसा कि हर पीडित व्यक्ति की आखिरी उम्मीद हम अधिवक्ता की है ।ऐसी स्थित में इस बार अगामी 16- 17 मार्च 2018 को होने वाले बार कौंसिल ऑफ दिल्ली के चुनाव में सदस्य पद हेतु अधिवक्ताओं के बीच आई हूॅ ।यदि अधिवक्ताओं ने मुझे अपना अमूल्य मत रूपी अर्शीवाद 16 - 17 मार्च को सम्पन्न होने वाले चुनाव में बैलेट नम्बर 167 पर देकर कार्य करने का मौका दिया तो मेरा संकल्प है कि उनके हितों व सम्मान का पूरा ध्यान रखते हुए उनके हितों को लेकर संघर्ष में पीछे नही हटूगी । उन्होने आगे कहा कि अधिवक्ता हितों की अनदेखी किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। विधि व्यवसाय ऐसी वृत्त है जिसमें सम्बद्ब अधिवक्ताओं को समाज के विभिन्न मानव संबंधी से संव्यवहार करना होता है ।

एक टिप्पणी भेजें
0 टिप्पणियाँ