अखिलेश्वर तिवारी
बलरामपुर ।। जनपद बलरामपुर के जिला अधिकारी कृष्णा करुणेश ने गेहूं क्रय केंद्रों का निरीक्षण किया तथा मौजूद कर्मचारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए परियों के लिए केंद्र प्रभारी को फटकार भी लगाया । जिलाधिकारी द्वारा गेंहू क्रय केंद्रों का औचक निरीक्षण के दौरान एडीएम न्यायिक एवं जिला खाद्य विपणन अधिकारी उपस्थित थे ।
जानकारी के अनुसार गेहूं क्रय केंद्र लिलवा के निरीक्षण के समय पाया गया कि केंद्र पर सचिव की तैनाती को लेकर बिबाद है । डीएम द्वारा एआर कोपरेटिव को निर्देश दिए गए कि तत्काल लिलवा केंद्र पर केंद्र प्रभारी की नियुक्ति की जाए और स्पस्टिकरण मांगा गया कि अभी तक उनके द्वारा केंद्र प्रभारी के विवाद को क्यों नही निपटाया गया । गेहूं क्रय केन्द्र गौराचौराहा के निरीक्षण में पाया गया कि वहाँ तौल हो रहा था । केंद्र पर अब तक 17 किसानों का गेंहू खरीदा जा चुका है । क्रय
केंद्र जैतापुर के निरीक्षण में भी केंद्र पर तौल होता पाया गया । इस केंद्र पर 8 तारीख तक खरीदे गए सभी किसानों के गेंहू का भुगतान किया जा चुका था । केंद्र पर आगे खरीद हेतु धनराशि की कमी की सूचना मिलने पर जिलाधिकारी द्वारा निर्देश दिये गए कि तत्काल पीसीएफ प्रबंध निदेशक को गेहूं खरीद हेतु 4 करोड़ रुपये की मांग का पत्र भेजा जाए ताकि धन के अभाव में खरीद प्रभावित न हो और किसानों को समय से पैसा मिल जाये । क्रय केंद्र पकड़ी के निरीक्षण में मौके पर गेंहू की खरीद होते पाया गया । केंद्र प्रभारी को निर्देश दिया गया कि खरीद वास्तविक किसानों से की जाए किसी भी दशा में बिचौलियों या प्यापारियों का गेंहू न खरीदा जाए अन्यथा की दशा में केंद्र प्रभारी के विरुद्ध कठोर कार्यवाही की जाएगी ।जिलाधिकारी द्वारा जनपद के किसानों से अपील की गई है कि इस वर्ष गेंहू का सरकारी रेट 1735 रुपये कुंतल है जो बाजार भाव से लगभग 200 रुपये अधिक है । इसलिए किसान भाइयों से अनुरोध है कि वे अपना गेंहू सरकारी क्रय केंद्र पर ही बेच कर योजना का लाभ उठाएं तथा बिचौलियों को गेहूं न बेचे । डीएम ने जनपद के किसानों से अपील की कि वे गेंहू की मशीन से कटाई के बाद गेंहू के खड़े डंठल को कदापि न जलाएं । यह पर्यावरण और खेत के लिए हानिकारक है । उन्होंने अपील किया कि सभी किसान खड़े डंठल को भूसा बनाने वाली मशीन से भूसा बना ले या उसे खाद के रूप में इस्तेमाल करे ।



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