सुनील उपाध्याय
बस्ती:प्राचीन भारतीय महर्षियों ने आध्यात्मिक और निरोगी जीवन जीने की कला योग के रूप में संसार को दिया, जिसके प्रचार प्रसार के लिए चतुर्थ अंतराष्ट्रीय योग दिवस 21 जून को मनाया जायेगा। भौतिकवादी संस्कृति के तीव्र प्रसार के कारण हमारी दिनचर्या सुविधाभोगी होती जा रही है। अनियमित खान पान और रहन सहन के कारण हम अनेक रोगों से ग्रस्त हो रहे हैं। फिर इलाज के चक्कर में अपनी मेहनत की कमाई डॉक्टर और दवाइयों पर खर्च करके जीवन को कष्टप्रद बना रहे हैं। प्राकृतिक जीवन शैली और योग प्राणायाम को सावधानीपूर्वक अपनाकर हम सुखी निरोगी जीवनशैली व्यतीत कर सकते हैं। सुपरकिड्ज एकेडेमी के संस्थापक और इंटरनेशनल नेचुरोपैथी आर्गेनाईजेशन के जिला संयोजक डॉ0 सौरभ तुलस्यान ने बताया कि योग से स्वयं लाभ का अनुभव करने के बाद विद्यालय में बच्चों तथा जन सामान्य सभी को अधिक से अधिक योग से जोड़ने का प्रयास करता रहता हूँ। अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की ऐतिहासिक सफलता के लिए राजकीय कन्या इण्टर कॉलेज, होटल बाला जी प्रकाश, विशुनपूर्वा सहित जनपद के अनेक स्थानों पर निःशुल्क योग शिविरों का संचालन किया जा रहा है। तनावमुक्त जीवन, मन की स्थिरता, बीमारियों से बचाव, शारीरिक और मानसिक दृढ़ता के लिए अधिक से अधिक लोग इन शिविरों में आकर लाभ ले सकते हैं।
बस्ती जनपद में 10 हजार लोगों को योग से जोड़ने का लक्ष्य पूरा करने के क्रम में आज जिला पंचायत राज अधिकारी बस्ती के सहयोग से जिला स्टेडियम में लगभग 350 कर्मचारियों को योग का प्रशिक्षण सौरभ तुलस्यान, श्रवण कुमार के निर्देशन में दिया गया। ग्रीवा संचालन ,स्कन्ध संचालन, घुटना संचालन, ताड़ासन, वृक्षासन, अर्धचक्रासन, पादहस्तासन, उष्ट्रासन, शशांकासन, भुजंगासन, कपालभारती, नाड़ीशोधन, शीतली, भ्रामरी आदि आसन और प्राणायाम का अभ्यास प्रोटोकॉल के अनुसार कराया गया।
मण्डल संयोजक डॉ जे पी सिंह ने बताया कि आम जनमानस के उत्साह और भरपूर सहयोग से बस्ती मण्डल में अब 50 हजार लागों को योग कराने का लक्ष्य हो गया है। बस्ती में सदर, हर्रैया तहसील सहित सिद्धार्थनगर और संतकबीरनगर जिलों में कई स्थानों पर योग शिविरों का आयोजन किया जा रहा है।


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