अखिलेश्वर तिवारी/वेद मिश्रा
महंत गोरखनाथ को अर्पित किया गया खिचड़ी
बलरामपुर ।। बलरामपुर जिले के देवी पाटन शक्तिपीठ पर 15 जनवरी को मकर संक्रन्ति (खिचड़ी ) पर्व पर श्रद्धालुओं द्वारा प्रातःकाल से ही गुरु गोरछ नाथ को खिचड़ी चढ़ाया जा रहा है । श्रद्धालु मां पाटेश्वरी का दर्शन करने के उपरांत गोरखनाथ को खिचड़ी अर्पित कर आशीर्वाद प्राप्त कर रहे हैं । जिले के लगभग सभी क्षेत्रों में पवित्र नदियों तथा सरोवरों में लोग स्नान कर पुण्य अर्जित कर रहे हैं । यह सिलसिला प्रातः काल से शुरू होकर दोपहर तक निरंतर जारी रहा ।
जिले की प्रमुख नदी राप्ती पर बड़ी संख्या में लोग पहुंचकर आज स्नान किए वहीं देवीपाटन स्थित सूर्य कुंड में श्रद्धालु स्नान करके मां पाटेश्वरी का दर्शन किया तथा गोरक्षनाथ के मंदिर में जाकर खिचड़ी अर्पित की कर आशीर्वाद लिया ।
जानकारी के अनुसार प्राचीन मान्यता है कि देवी पाटन शक्ति पीठ की स्थापना गुरु गोरक्षनाथ ने किया था और यह स्थान उनके तपस्थली के लिए भी जाना जाता है। लोग मानते है कि गुरु गोरछ नाथ यहां मौजूद रहते है इस लिए यहां स्थापित गोरक्षनाथ मंदिर पर दूर दूर से लोग खिचड़ी चढ़ाने आते हैं। पूर्वांचल छेत्र में खिचड़ी पर्व का विशेष महत्व है ऐसा माना जाता है कि गुरु गोरछ नाथ ने ही सामाजिक समरसता हेतु इसका शुरुआत किया था ।
देवी पाटन शक्ति द्वारा भी लगातार खिचड़ी भोज का आयोजन कर जाति पाँति, छुआ छूत का भेदभाव मिटाकर सामाजिक एकता का संदेश दिया जाता है। यहां स्थापित सूर्य कुंड में स्नान कर गुरु गोरक्षनाथ को खिचड़ी चढ़ाने की बरसो पुरानी परंपरा है लोग सूर्य कुंड में स्नान कर खिचड़ी दान कर एवं गुरु गोरक्षनाथ को खिचड़ी अर्पित कर समाज, स्वयं , एवं परिवार के मंगल कामना का आशीर्वाद प्राप्त करते हैं।
देवी पाटन में गोरक्षनाथ की मूर्ति की स्थापना वर्ष 2000 में तत्कालीन महंत महेंद्र नाथ द्वारा कराया गया था तब से लगातार प्रत्येक वर्ष मकर संक्रांति के दिन खिचड़ी चढ़ाने की परंपरा जारी है । महंत महेंद्र नाथ ने अपने समय में देवीपाटन क्षेत्र को विकसित करने के लिए भरपूर प्रयास किया था । विद्यालय वा धर्मशाला के निर्माण के साथ-साथ सामाजिक कार्यों में उन्होंने हमेशा अगुवाई की ।
वर्तमान समय में इस मंदिर के संरक्षक यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ हैं और इसीलिए इस मंदिर पर सुरक्षा के विशेष प्रबंध बराबर किए जाते रहे । देवीपाटन आने वाले हर श्रद्धालु की मनोकामना मां पाटेश्वरी अवश्य पूरा करती हैं और यहां पहुंचते ही लोग आत्म शांति महसूस करते हैं ।



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