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सावधान, अति हर चीज की बुरी होती है, चाहे वह व्यायाम ही क्यो न हो






व्‍यायाम का आदर्श समय 30 से 45 मिनट ही है
 तेजचाल व तैरना ही सबसे बेहतर व्यायाम
आलोक बर्नवाल 
संतकबीरनगर। कहावत है कि 'अति हर चीज की बुरी होती है' आज के दौड़ते जमाने मे चाहे खानपान हो व्यायाम सब चीज की अति बुरी होती है। हद से ज्यादा व्यायाम भी शरीर मे रोग पैदा कर देता है। ऐसा ही वाक्या है जो बताते चले कि 21 वर्षीय सुमित अपने शरीर पर बहुत ध्‍यान देता है, उसे व्यायाम करने का बहुत शौक है। वह घण्‍टे भर समय जिम में देता है। साथ ही जिम में दी जाने वाली दवाओं का भी सेवन करता है। लेकिन अचानक उसके सीने में दर्द हुआ। चिकित्‍सक ने उसकी जांच के लिए एक्‍सरे कराया। एक्‍सरे की जांच के बाद उसे टीबी क्‍लीनिक भेजा। जांचोपरान्‍त उसे टीबी की पुष्टि हुई। अब वह डाट्स सेंटर से टीबी की दवाएं ले रहा है। तीन महीने में उसकी हालत में बेहतर सुधार हुआ है।



इस बाबत जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ एसडी ओझा ने जब उसकी केस हिस्‍ट्री के बारे में जानना शुरु किया तो यह बात निकलकर सामने आई कि वह एक्‍स्‍ट्रा व्यायाम करता था। भोजन कम करता था और जिम में दी जाने वाली दवाओं और पेय पदार्थों का सेवन करता था। जिसके चलते उसकी इम्‍यूनिटी लो हुई। सांस के जरिए बैक्‍टीरिया उसके शरीर में पहुंचे और उसको टीबी की बीमारी हो गई। इस बारे में जब उनसे बात की गई तो उन्‍होने बताया कि एक्‍सरसाइ‍ज का आदर्श समय 30 से 45 मिनट ही है। इससे अतिरिक्‍त यदि कोई एक्‍सरसाइ‍ज करता है तो वह उसके लिए हानिकारक होगा।


 कारण यह है कि इतने समय में ही उसके शरीर में मौजूद कैलोरी बर्न हो जाएगी। उसे अतिरिक्‍त कैलोरी नहीं मिलेगी। नतीजा यह होगा कि शरीर की इम्‍यूनिटी लो हो जाएगी। इसके चलते बैक्‍टीरिया उसके शरीर पर जोरदार आक्रमण करेंगे। वह टीबी या अन्‍य संक्रामक रोगों की चपेट में आ जाएगा। अगर आप 30 मिनट तक तेज चाल में चलते है या नदी या स्विमिंग में तैरते है तो आप पूरी तरह से व्‍यायाम कर लेंगे। आपको अन्‍य किसी व्‍यायाम की आवश्‍यकता ही नहीं पड़ेगी। व्‍यायाम करने के लिए जो आदर्श समय है, उसका अनुपालन सभी को करना चाहिए।

शक्तिवर्धक दवाएं नहीं हैं भोजन का विकल्‍प
डॉ एसडी ओझा बताते हैं कि आजकल तमाम जिम में शक्तिवर्धक दवाओं का प्रयोग किया जाता है। भोजन कम लेने की सलाह दी जाती है। जो कि बिल्‍कुल गलत है। ये शक्ति वर्धक दवाएं भोजन का विकल्‍प कतई नहीं हो सकती हैं। इसलिए भोजन कई बार में करें, थोड़ा, थोड़ा करें, ताकि शरीर की इम्‍यूनिटी पर उसका कोई प्रभाव न पड़े ।

‘‘अतिरिक्‍त व्‍यायाम करने और कम भोजन करने से शरीर की इम्‍यूनिटी लो हो जाती है। ऐसे में यह जरूरी है कि 30 से 45‍ मिनट तक ही व्‍यायाम करें। सुबह 30 मिनट की तेज चाल में चलना व्‍यायाम से कहीं बेहतर है। दवाओं को भोजन का विकल्‍प न बनाएं। अन्‍यथा रोगों की चपेट में आ सकते हैं।’’ 

डॉ एसडी ओझा
जिला क्षय रोग अधिकारी

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