राकेश गिरी
बस्ती । स्वतंत्रता संग्राम सेनानी कांग्रेस के पूर्व जिलाध्यक्ष पं. राम उजागर शर्मा को उनके 44 वीं पुण्य तिथि पर याद किया गया। वरिष्ठ नागरिक कल्याण समिति की ओर से शर्मा कालोनी में आयोजित कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुये पूर्व उप जिलाधिकारी हंसनाथ राय ने कहा कि पं. राम उजागर स्वतंत्रता संग्राम के अपराजेय यौद्धा थे। वे 8 वर्षो तक विभिन्न जेलों मंें बंद रहे।
शिव हर्ष किसान पी.जी. कालेज के पूर्व प्राचार्य डॉ. रामदेव ओझा ने रामउजागर को बस्ती का गांधी बताते हुये कहा कि वे अपने आदर्शो, सिद्धान्तांे पर अडिग रहे और शहीद हो गये। डा. रामदल पाण्डेय ने कहा कि ऐसे व्यक्तित्व को स्मरण करना बस्ती के स्वतंत्रता आन्दोलन की अक्षुण्णता के लिये अपरिहार्य है।
पुण्य तिथि पर आयोजित कार्यक्रम को डा. कमलेश पाण्डेय, पं. चन्द्रबली मिश्र, कृष्णदेव मिश्र आदि ने सम्बोधित करते हुये स्वतंत्रता संग्राम सेनानी राम उजागर शर्मा के योगदान को रेखांकित किया। कार्यक्रम में वरिष्ठ नागरिक कल्याण समिति की ओर से वरिष्ठ कला शिक्षक 94 वर्षीय बंशगोपाल लाल को अंग वस्त्र, स्मृति चिन्ह, श्रीफल देकर सम्मानित किया गया।
अपने पिता पं. राम उजागर शर्मा को स्मरण करते हुये श्याम प्रकाश शर्मा ने कहा कि उन्होने जो संस्कार दिये वह उनके परिवार के लिये अमूल्य निधि है।
कार्यक्रम में हरीश दरवेश, आतिश सुल्तानपुरी, सागर गोरखपुरी, रहमान अली रहमान, डा. अफजल हुसेन, लालमणि प्रसाद, सुमेश्वर यादव, पं. कमलापति पाण्डेय, सत्येन्द्रनाथ मतवाला, रामाज्ञा मौर्य आदि ने कविताओं के माध्यम से पं. राम उजागर शर्मा को स्मरण किया। के.के. उपाध्याय, मो. वसीम अंसारी, पेशकार मिश्र, विनय कुमार श्रीवास्तव, जय प्रकाश स्वतंत्र, मंजुला श्रीवास्तव, मधु तिवारी, साध्वी पाण्डेय, रोमी कौल, वंदना मिश्र, ओम प्रकाश धर द्विवेदी, प्रदीप चन्द्र श्रीवास्तव, वी.डी. सिंह, दिनेशधर दूबे, रामयज्ञ मिश्र, आर.के. वर्मा, कु. शैली तिवारी, शव्वीर अहमद, जगदीश प्रसाद, दीनानाथ यादव के साथ ही बड़ी संख्या में लोग उपस्थित रहे।


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