सत्येन्द्र खरे
कौशांबी : जनपद एवं सत्र न्यायाधीश दिलीप सिंह यादव छह वर्ष पूर्व युवक की हत्या की पत्थर से कूचकर हत्या के एक मामले की शुक्रवार को सुनवाई की। जिसमें दो आरोपियों को दस-दस वर्ष की कैद व सात-सात हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई।
सरायअकिल थाना क्षेत्र के कनैली गांव निवासी संतोष कुमार ईंट भट्ठे में मजदूरी करता था। बीते सात जुलाई 2011 को वह गांव के ही नरेश पासी व सुमरित पासी के साथ ट्रैक्टर से ईंट उतारने बेरौचा गांव गया था। शासकीय अधिवक्ता विनय कुमार यादव ने बताया कि काम पर जाने से पहले तीनों ने शराब पी थी। इसी दौरान किसी बात को लेकर उनके बीच विवाद हो गया। नरेश व सुमरित ने संतोष की ईंट से कूचकर हत्या कर दी। पुलिस ने संतोष के पति शारदा पासी की तहरीर पर दोनों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया। मामले की विवेचना के बाद पुलिस ने आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया। मामले का विचारण जनपद न्यायाधीश की अदालत में चला। शासकीय अधिवक्ता की ओर से मामले में आधा दर्जन से अधिक गवाहों को पेश किया गया। शुक्रवार को मामले की अंतिम सुनवाई हुई। न्यायालय ने दोनों पक्षें के तर्कों व गवाहों के बयानों के आधार पर दोनों आरोपियों गैर इरादतन हत्या का दोषी पाया। उनके खिलाफ दस-दस वर्ष की कैद व सात-सात हजार रुपये जुर्माना की सजा सुना दी। जुर्माना अदा न करने पर दोनों को अतिरिक्त सजा भुगतने का भी निर्देश दिया।


एक टिप्पणी भेजें
0 टिप्पणियाँ