खुर्शीद खान
सुल्तानपुर।जनपद के कूरेभार सीएचसी में इन दिनों सब कुछ ठीक नही चल रहा है आयोग से चयनित डॉक्टरों को साज़िश का शिकार होना पड़ रहा है,हाल यही रहा तो कूरेभार सीएचसी में शायद कोई डॉक्टर तैनाती लेना पसंद करेगा बताते चले पिछले कई महीनों से सीएचसी पर तैनात डॉक्टर मरीजों के तीमारदार के उग्र रवैये से परेशान है।सूत्रों की माने तो इस के पीछे कई लोगो की साज़िश हो सकती है,ताकि डॉक्टर जो सीएचसी पर मरीज़ों की सेवा करने में लगे है यंहा से परेशान हो कर कंही और तैनाती ले-ले जिससे यंहा पर साज़िशकर्ता को फायदा पहुंच सके इतना ही नही कई मरीज़ों ने बताया आयोग से तैनात सीएचसी पर डॉक्टर मरीज़ो को बाहर से दवा बहुत ही जरूरत पड़ने पर लिखते है सारी दवाएँ हॉस्पिटल से मरीजों को मिल जाये जिससे मरीज़ को सरकारी अस्पताल का फायदा मिल सके इसकी पूरी कोशिस करते है।इससे हम लोगो को काफी फायदा पहुँच रहा है, पर इतनी ईमानदारी से काम करने से कुछ तथाकथित लोगो ये बात नागवार लग रही जिससे आये दिन डॉक्टरों के खिलाफ साज़िश होती रहती है आप को बताते चले सीएचसी पर आयोग से तैनात डॉक्टर किसी भी तरह से निजी हॉस्पिटल से नही जुड़े है ना ही निजी प्रैक्टिस करते है स्थानीयों लोगो का कहना है मौके पर जो डॉक्टर सीएचसी पर है वे मरीज़ों का पूरा खयाल रखते है और अच्छी तरह से इलाज करते है जिससे तमाम लोगों को फायदा पहुँच रहा है ये बात उन लोगो को अखर रही जो नही चाहते ये डॉक्टर यंहा रहे इसी लिए आये दिन कूरेभार सीएचसी में कोई ना कोई विवाद सामने आ रहे।अभी बीते दिनों मरीज़ों के तीमारदारों से डॉक्टर को परेशानी का सामना करना पड़ा इस बाबत डॉक्टरों ने पुलिस स्टेशन में तहरीर भी दिया जिसमें पुलिस ने मुकदमा भी पंजीकृत कर लिया है अब सवाल ये उठता है डॉक्टर यू ही कब तक डर-डर के रहेंगे। अपनी सुरक्षा को लेकर फिलहाल डॉक्टर रात की ड्यूटी नही कर रहे है इस बात को डॉक्टरों ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी को भी बताया है आने वाले दिनों में अगर चिकित्सा विभाग ने कोई सख्त कदम नही उठाये डॉक्टरों की सुरक्षा के लिए तो स्तिथि और भी भयावह हो सकती है समय रहते चिकित्सा विभाग को डॉक्टरों की सुरक्षा को लेकर सख्त कदम उठाने की जरूरत है।


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