200 की सामग्री पर हो रहा 800 का भुगतान
गोण्डा। नवनिहालों के शैक्षणित विकास व उनके क्षमता विकास के लिए शिक्षण अधिगम सामग्री टीएलएम खरीदने के लिए प्रति विद्यालय 800 रुपये की धनराशि दी जाती है। इस धनराशि से बच्चों के क्षमता विकास के लिए मशलन प्रोजेक्ट बनाने के लिए सामग्री खरीदने पर ये धनराशि व्यय करने के नियम है। लेकिन एक संस्था द्वारा महज 200 रुपये की सामग्री देकर 800 रुपये का भुगतान कराया जा रहा है।
शिक्षण अधिगम सामग्री में फर्जीवाड़ा रोकने के लिए विशिष्ट बीटीसी शिक्षक वेलफेयर एसोसिएशन ने बेसिक शिक्षाधिकारी समेत उच्चाधिकारियों को पत्र देकर फर्जीवाड़े पर अंकुश लगाये जाने की मांग की है। बीएसए को दिये गये पत्र में आरोप लगाया गया है कि प्रथम एजुकेशन फाउडेशन के माध्यम से क्रिएशन ग्राफिक्स द्वारा जो सामग्री आपूर्ति की जा रही है। वह महज दो सौ रुपये की है जबकि प्रबन्ध समिति के मेन्टीनेन्स खाते के मद से 800 रुपये का भुगतान कराया जा रहा है। यही नही उक्त फर्म द्वारा विद्यालय प्रबन्ध समिति को कोई बिल वाउचर भी नी दिया जा रहा है। जब अध्यापकों द्वारा जीएसटी नम्बर का बिल वाउचर की बात की जाती है तो फर्म के करिन्दों द्वारा बताया जाता है कि उच्चाधिकारियों का आदेश आप केवल भुगतान करें। जिससे टीएलएम की धनराशि में बड़े पैमाने पर फर्जीवाड़े की चर्चा अब आम हो गई है।


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