राकेश गिरी
बस्ती : 90 दिनों के अल्टीमेटम के बाद आशा बहुयें एक बार आंदोलन की तैयारी में हैं। पूर्व में किये गये धरना प्रदर्शन के बाद आशा कार्यकत्रियों ने शासन को अपनी मागों को पूरा करने के लिये 90 दिनों का समय दिया था, लेकिन सरकार ने इस दिशा में कोई विचार नहीं किया, मजबूर होकर आशा कार्यकत्रियां फिर आन्दोलन की तैयारी कर रही हैं। आशा बहू स्वास्थ्य समिति उ.प्र. की बस्ती जिलाध्यक्ष प्रीती उपाध्याय ने कहा कि संगठन की ओर से शीघ्र ही आंदोलन की तारीख तय की जायेगी।
रविवार को आशा बहू स्वास्थ्य समिति की बैठक मुख्तार खाने में हुई जिसमें उपरोक्त विषय में विस्तार से चर्चा हुई। जिला प्रशासन द्वारा जिले की स्वास्थ्य समिति में आशा (श्वेता पाण्डेय) का चयन किये जाने पर सवाल उठाते हुये मंडल संरक्षक सुबाष उपाध्याय ने कहा कि समिति में ऐसी आशा का चयन कर लिया गया है जो आशाओं का पक्ष रखने में सक्षम नही है। उसकी जगह संगठन के पदाधिकारियों में किसी का चयन करना चाहिये था जो आशाओं का पक्ष रखने में सक्षम होने के साथ ही सरकार द्वारा संचालित योजनाओं की जानकारी रखती है। बैठक में प्रमुख रूप से विमला यादव, अन्नपूर्णा दुबे, रेखा चौधरी, जानकी पाण्डेय, संजू चौधरी, चित्रकला सिंह, इन्द्रवास त्रिपाठी, अखिलेश देवी, संगीता आदि मौजूद रहीं।


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