विकास हाड़ा
सिद्धार्थनगर:बढ़नी रेलवे स्टेशन पर पार्किंग स्टैंड के नाम पर यात्रियों से अवैध वसूली की जा रही है। पार्किंग का ठेका केवल साइकिल, मोटरसाइकिल व स्कूटर का ही है लेकिन ठेकेदार की मनबढई से चार पहिया वाहनों से भी जबरन वसूली की जा रही है, जिससे यात्रियों को खासी परेशानी झेलनी पड़ रही है।
यूं तो रेल प्रशासन अपने यात्रियों के लिए रोजाना बेहतर सुविधाओं को देने का दावा है, लेकिन रेलवे ठेकेदारों की कार्यप्रणाली इसके इतर है। गोरखपुर-गोंडा रेलखंड के सबसे महत्वपूर्ण रेलवे स्टेशन बढ़नी में साइकिल, मोटरसाइकिल व स्कूटर की पार्किंग का ठेका 1 जनवरी से शुरू हो हुआ है, जो तीन साल तक रहेगा। इसके शुरुआती दौर में ही पार्किंग ठेकेदार द्वारा यात्रियों से जबरन अवैध वसूली शुरू कर दी गई है। स्टेशन की सर्कुलेटिंग एरिया में अवैध रूप से जगह-जगह पार्किंग स्थल बनाकर फर्जी पर्चियों के जरिये वसूली का खेल चल रहा है। निर्धारित पार्किंग एरिया में यात्रियों के वाहन कम, अनाधिकृत रूप से सवारी गाड़ियां मैजिक, ऑटो आदि नगर के लोगों की गाड़ियां खड़ी करायी जा रही हैं। खुले आम यात्रियों के चार पहिया वाहनों से जबरिया वसूली की जा रही है। पैसा न देने पर उनसे गाली-गलौज और मारपीट तक किया जाता है। विवश होकर वाहन मालिक को रुपये देने पड़ते हैं। इसकी जानकारी आरपीएफ व जीआरपी दोनों को है, इसके बाद भी कार्रवाई नहीं की जाती है। चर्चा है कि रंगदारी वसूलने वाले लोग आरपीएफ व जीआरपी को प्रतिमाह मोटी रकम देते हैं।
पार्किंग स्टैंड में वाहनों को लगाने वाले सभी यात्रियों को प्रिंटेड रसीद देनी है। इसमें पार्किंग स्थल, रसीद जारी करने का दिनांक व समय, ठेकेदार का नाम, सीरियल नंबर व पार्किंग शुल्क की पूरी जानकारी होनी चाहिए। यहां पार्किंग की रसीद से लेकर सभी चीजों में भारी गड़बड़ी देखने को मिल रही है। रेलवे की ओर से स्टैंड पर साइकिल का किराया 24 घंटे खड़े रहने पर 4 रुपये, चार से चौबीस घंटे के लिए 6 रुपये तय है। वहीं मोटर साइकिल के लिए 4 घंटे के लिए 10 रुपये रुपया तथा चार से चौबीस घंटे के लिए 12 रुपये शुल्क लिया जाना है लेकिन ठेकेदार व उसके लोग निर्धारित शुल्क से अधिक शुल्क वसूल रहे हैं। विरोध करने पर वाहन स्वामियों से अभद्रता की जाती है। अरुण तिवारी, पवन कुमार आदि कई वाहन मालिकों ने बताया कि चार पहिया वाहनों का ठेका नहीं है इसके बावजूद ठेकेदार द्वारा 40 रुपये से 60 रुपये वसूला जाता है।
बोले जिम्मेदार
संजय यादव, सीपीआरओ, एनईआर ने कहा कि बढनी रेलवे स्टेशन पर चार पहिया वाहनों की पार्किंग का ठेका ही नहीं हुआ है, इसलिए ठेकेदार द्वारा की जा रही वसूली गलत है। किसी के साथ जबरदस्ती वसूली किया जा रहा है तो वे इसकी शिकायत करें।


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