सुनील गिरी
हापुड। मुख्य विकास अधिकारी दीपा रंजन ने महिला ग्राम प्रधानों से अच्छा काम कर जिला का नाम रोशन करने की अपील की। उन्होंने कहा कि महिला प्रधान स्वास्थ्य, शिक्ष, सफाई, कुपोषण दूर करने और ग्राम पंचायतोें के विकास को नया आयाम देने में अहम भूमिका निभा सकती हैं। मुख्य विकास अधिकारी नगर पालिका परिषद हापुड़ के सभागार में महिला ग्राम प्रधानों के प्रशिक्षण शिविर के समापन अवसर पर अपने विचार व्यक्त कर रही थी। 03 दिवसीय प्रशिक्षण का आयोजन क्षेत्रीय ग्राम्य विकास संस्थान की ओर से किया गया था। इस अवसर पर जिला पंचायत राज अधिकारी, हापुड़ रेनू श्रीवास्तव, संस्थान के आचार्य विधार्थी शिशौदिया और खण्ड विकास अधिकारी ज्योतिबाला मौजूद रही।
मुख्य विकास अधिकारी ने कहा कि 73 वे सविधानं संशोधन के बाद महिला को ग्राम पंचायतों में 33 प्रतिशत आरक्षण देकर उनको शक्त करने का काम किया गया है। चुनाव जीतकर आयी महिला ग्राम प्रधानों को अपने अधिकारों और कर्तव्यों को जानना चाहिऐ और उसका लाभ उठाकर कर ग्राम पंचायतों को विकसित, स्वस्थ और सुरक्षित बनाने का कार्य मजबूती से करना चाहिऐ।
अभी तक जनपद हापुड़ में एक भी ग्राम पंचायत आदर्श ग्राम पंचायत के रूप में विकसित नहीं हुई है। महिला ग्राम प्रधान अपनी ग्राम पंचायत को आदर्श ग्राम पंचायत बनाने के लिए कार्य करें प्रशासन उनकी हर सम्भव मदद करेगा। मुख्य विकास अधिकारी महाराष्ट, गुजरात, और देश के अन्य भागों की आदर्श ग्राम पंचायतों का उदाहरण देते हुए महिला ग्राम प्रधानों को प्रोत्साहित किया। उन्होने कहा कि महिला प्रधान गरीबी दूर करने गाम पंचायत को कुपोषण से मुक्ति दिलाने, महिलाओं को शिक्षित करने मंे अहम योगदान दे सकती है।
संस्थान के आचार्य विद्यार्थी शिशोदिया ने महिला प्रधानों को नेतृत्व विकास के गुण सिखाये। प्रशिक्षण के समापन अवसर पर एक क्वीज का आयोजन किया गया इसमें प्रथम स्थान ग्राम प्रधान असौड़ा सना परवीन, दूसरा स्थान ग्राम प्रधान दीप्ती,तीसरे स्थान पर ग्राम प्रधान सुदेश शर्मा रही इनको स्मृति चिन्ह और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। ग्राम प्रधान मानक चौक सुमन गौतम को जागरूक प्रधान के अवार्ड से सम्मानित किया गया।


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