गोंडा :छपिया स्थित भगवान् घनश्याम महाराज की जन्म स्थली स्वामिनारायण मंदिर में बाल स्वरूप घनश्याम प्रभु की तीन दिवसीय बाल लीला कथा परायण का पूर्णाहुति के साथ समापन किया गया। व्यास पीठाधीश्वर कथा वाचन ब्रम्हचारी स्वामी शिवानंद जी महराज ने कहा कि अंत भला तो सब भला।उन्होंने कहा कि यज्ञ से वातावरण शुद्ध होता है। मनुष्य निरोगी होता है। महंत ब्रम्हचारी वासुदेवानंद जी महराज और ब्रम्हचारी स्वामी हरिस्वरूपा नंद महाराज ने स्वामी ने कहा कि छपिया की माटी धन्य हैं कि भगवान ने यहां जन्म लिया है।उनका मानवता का संदेश आज भी प्रासंगिक हैं ।उन्होंने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ भगवान का पूजन कराया।विष्णु महा यज्ञ का समापन किया गया। उन्होंने यजमानों को सम्मानित किया।
ब्रम्हचारी पी पी स्वामी महराज स्वामी अखिलेश्वर दास महराज, अम्बा लाल भाई, चिराग भाई,लाला भाई अशोक मोदी, माधव राम तिवारी, शैलेन्द्र तिवारी, राजा भगत, अयोध्या भाई, कल्पेश भगत, शान्ति लाल महराज, रमण भगत, देवानंद महेन्द्र भाई, राधेश्याम भाई, धर्मेश, प्रेम जी भाई, सांख्य योगी वेन हंसा, मोती बां, दाही बां सहित सैकड़ों की संख्या में हरिभक्तों ने कथा का रसास्वादन किया।



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