अखिलेश्वर तिवारी
बलरामपुर । उतरौला क्षेत्र ग्राम गोन कोट में एक किशोरी को जलाने का मामला प्रकाश में आया था । आरोप लगाया गया था कि 1 अप्रैल की रात 16 वर्षीय किशोरी कपूरा को उसी के गांव के दो लोगों धम्मन तथा सलीम ने छेड़छाड़ में असफल होने के बाद पेट्रोल डालकर जला दिया था । घायल किशोरी कपूरा का इलाज जिला मेमोरियल चिकित्सालय में चल रहा था । घटना के 5 दिन बाद पीड़िता के पिता राजाराम ने गांव के ही 2 लोगों धम्मल तथा सलीम को नामजद करते हुए छेड़छाड़ तथा जलाने की तहरीर दी थी जिसे पुलिस ने दर्ज कर पूरे मामले की जांच शुरू कर दी । पुलिस अधीक्षक प्रमोद कुमार ने बताया की घटना के बाद राजाराम अपनी पुत्री कपूरा तथा बहू सरस्वती के साथ इलाज हेतु जिला मुख्यालय पर मेमोरियल चिकित्सालय आ गए और पुलिस पूरे मामले की जांच के लिए उनके घर गई । वहां पर राजाराम की बड़ी पुत्री आरती ने जो बयान दिया वह चौंकाने वाला था । आरती ने बताया कि इस घटना से दिन वह कपूरा के साथ एक ही चारपाई पर सोई हुई थी । उसने बताया की कपूरा के जलाए जाने की घटना से धम्मल तथा सलीम का कोई लेना देना नहीं है । कपूरा के ऊपर आग लगाने की साजिश धम्मल तथा सलीम ने नहीं किया था बल्कि उसी की भाभी सरस्वती ने किया था । आरती के इस प्रकार के बयान के बाद पुलिस ने अपनी जांच और तेज कर दी और दोनों पहलुओं पर आरती के बयान तथा राजाराम की तहरीर में लिखें आरोपों को ध्यान में रखते हुए जांच आगे बढ़ाई । उन्होंने बताया की धम्मल की पत्नी सरस्वती की घनिष्ठ सहेली है और यह दोनों एक ही गांव के रहने वाली हैं । विवाह के पूर्व से ही दोनों एक दूसरे से काफी घनिष्ट सहेलियां थी । संयोग से दोनों की शादी भी एक ही गांव गोनपुर में हो गई । कुछ वर्षो बाद धम्मल तथा उसकी पत्नी में विवाद हो गया और धम्मल की पत्नी ने धम्मल के खिलाफ मुकदमा कर दिया । इस मुकदमे में सलीम धम्मन की ओर से गवाह है । पुलिस को शक है कि अपनी सहेली की ओर से धम्मल तथा सलीम के ऊपर दबाव बनाने के लिए सरस्वती ने इस घटना को कारित किया है । सरस्वती का पति शिव मोहन मुंबई में रहकर मजदूरी करता है और सरस्वती ही घर की देखरेख करती है तथा घर की मालकिन भी वही है । पुलिस दोनों पहलुओं पर अपनी जांच आगे बढ़ा रही है । जांच के बाद घटना के कारणों का खुलासा हो जाएगा ।


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