अखिलेश्वर तिवारी
सड़कों पर पानी भर जाने के कारण कई मार्ग पर आवागमन बाधित
बलरामपुर -बलरामपुर के तराई क्षेत्र में पहाड़ी नाले और राप्ती नदी ने अपना कहर बरपाना शुरू कर दिया है।
तटवर्ती गांव में बाढ़ का पानी घुसने से लोग सुरक्षित स्थानों के लिए पलायन करने लगे हैं।आधा दर्जन से अधिक मार्गों पर पानी आ जाने के कारण सैकड़ों गांव का जिला मुख्यालय से संपर्क कट गया है।राप्ती नदी का जलस्तर खतरे के निशान के पार पहुंच चुका है।जिससे बाढ़ आने की संभावना से लोगो के मन मे भय व्याप्त है।
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| सड़कों पर पानी |
पहाड़ी नालों के पानी से महाराजगंज तराई, ललिया और शिवपुरा क्षेत्र के दर्जनों गांव पानी से घिर चुके हैं । ललिया-मथुरा, ललिया-महाराजगंज,ललिया-कोडरी और शिवपुरा मार्ग पर पानी आने के कारण आवागमन बाधित हो चुका है ।
तुलसीपुर तहसील क्षेत्र में गौरा चौराहा मार्ग पर भी पानी आने के कारण आवागमन बाधित हो गया है । राप्ती का जलस्तर खतरे के निशान को पार कर गया है और राप्ती के जलस्तर में लगातार बृद्धि जारी है। उम्मीद जताई जा रही है कि मंगलवार सुबह तक राप्ती का जलस्तर खतरे के निशान से 50-60 सेंटीमीटर ऊपर पहुंच जाएगा । राप्ती का जलस्तर खतरे के निशान से 10 सेंटीमीटर ऊपर 104.630 रिकॉर्ड किया गया था ।
जिला प्रशासन द्वारा बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत और बचाव कार्य के लिए संबंधित अधिकारियों कर्मचारियों को अलर्ट कर दिया गया । बाढ़ के पानी से साहब नगर, शांति पुरवा, महादेवा, मैटहवा , रमवापुर, वजरडीह, अमवा , मुंसहवा , झिनिहवा, शिवपुरा व उपतहवा डिपो में तीन से चार फीट पानी सड़क के ऊपर बह रहा है। ललिया हरिहरगंज, ललिया मथुरा, ललिया महाराजगंज, कोनरी ललिया, कोनरी मथुरा तथा तुलसीपुर गौरा मार्गों पर बने डिप में पानी का बहाव तेज हो गया है जिसके कारण आवागमन पूरी तरह से बाधित हो गया है । क्षेत्र के कई दर्जन गांवों का संपर्क जिला मुख्यालय से टूट गया है ।



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