वासुदेव यादव
अयाेध्या। यूपी:अन्तर्राष्ट्रीय हिन्दू परिषद के अध्यक्ष डॉ. प्रवीण भाई ताेगड़िया ने हनुमानबाग में पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि अनशनकारी महन्त ने काेई पीएम और सीएम की कुर्सी नही मांगी थी। उन्होंने ताे सिर्फ संसद में कानून बनाकर रामलला काे तिरपाल से मुक्त करने काे लेकर आमरण-अनशन शुरू किया था। लेकिन दुर्भाग्य की बात है कि रामभक्ताें की बनी हुई भाजपा सरकार ने गत रविवार रात 11.30 बजे गुण्डाें की तरह आकर आमरण-अनशन पर बैठे संत काे घसीटकर वहां से उठाकर ले गए। एेसा हमने कभी नही साेचा था कि रामभक्ताें की सरकार में संतो महंतों की अयोध्या में यह दुर्गति हाे जायेगी। यदि महन्त परमहंस का स्वास्थ्य ठीक नही था। ताे उन्हें स्ट्रेचर पर डालकर ले जाते या डॉक्टर उनकी नब्ज पकड़ कर ले जाते। मैं भी एक डॉक्टर हूं। जिस तरह से अनशनरत महन्त काे बरबरता पूर्वक चार लाेग घसीटकर अनशन स्थल से उठाकर ले गए। उनके अनुयायियों को मन्दिर में बंद कर गालियां दी।
महन्त परमहंस की जगह आमरण-अनशन पर बैठे स्वामी रामजनम दास काे दादागीरी के साथ हटा दिया गया। ताेगड़िया ने कहाकि जब मैं बीती रात 1.30 बजे अनशन पहुंचा। ताे मुझे वहां पता चल कि अनशनरत महन्त काे उठाने से पूर्व अयाेध्या के एक क्षेत्र की बिजली काटी गई थी। हमने ताे रामभक्ताें की इस सरकार से अत्याचार साेचा नही था। मैंने तुरन्त सीएम याेगी और गृहमंत्री राजनाथ सिंह को ट्वीट कर कहा क्या यही है । रामभक्ताें की सरकार। मेरा सीधा प्रश्न है क्या हिन्दूआें काे राम मन्दिर मांगने का हक है या नही। क्या हिन्दुओं काे अपने आश्रम में शान्त, लाेक तांत्रिक अनशन करने का अधिकार है या नही।
उन्होंने कहा कि जुल्मी भाजपा की जाती धर्म वाली सरकार चाहती है कि काेई उनसे राम मन्दिर की बात न करे। परमहंसदास की जगह जाे स्वामी रामजनम दास आमरण-अनशन पर बैठे थे। उनकाे भी पुलिस प्रशासन उठाकर कहीं ले गया, जिसकी सूचना हमारे पास आयी है। अयाेध्या में धारा 144 लगा दिया गया। इस समय पितृपक्ष का समय चल रहा है, जिसमें लाेग पितृाें का श्राद्ध करते हैं। तब चार लाेगाें काे यहां का शासन-प्रशासन एकत्रित नही हाेने देना चाहता है। यह है भाई भाजपा वाली घटिया व स्वार्थी जुल्मी वाली रामभक्ताें की सरकार। तपस्वी छावनी के छात्रों काे जबरदस्ती प्रशासन मन्दिर से उठाकर ले गई और उन पर लाठीचार्ज भी किया। इससे लगता है कि यह मुलायम सिंह यादव के अत्याचार का पुनरावतन हाे रहा है।
अब भाजपा व सपा में अंतर नही है। मैं जनता से आवाहन करूंगा कि शान्त रहकर देशभर में अनशनकारी महन्त परमहंसदास काे घसीटकर ले जाने वाले के विरुद्ध जुबान पर ताला लगाने के लिए शान्त देशव्यापी आंदोलन आज से करें। यह आंदाेलन देश के हर तहसील में हाेगा। काेई साेच रहा है कि दिल्ली में बैठा हुआ सिकन्दर कितने परमहंसदास की आवाज दबाने से राममन्दिर की आवाज दब जायेगी। ताे मैं उन्हें बताना चाहता हूँ कि यह आवाज साै कराेड़ लाेगाें के मुंह से और शान्ति के साथ निकलेगी। उसे दबाया नही जा सकता। मैं उन लोगों काे बताना चाहता हूं कि न हिन्दू दबेगा और न झुकेगा। यदि अनशनरत महन्त पीजीआई मेंं भर्ती हैं ताे मैं कल लखनऊ जाकर पीजीआई में उनसे मिलूंगा। अब यह आंदाेलन अयाेध्या से फैलकर देश के गांव-गांव तक जायेगा।
उन्होंने कहाकि अभी भी समय है पीएम मोदी संसद में कानून बनाकर राममन्दिर बनवाने का कार्य प्रारम्भ करवायें। मुझे ताे आशा थी कि रामभक्ताें की सरकार ट्रिपल तलाक का कानून लाए। ताे फिर राममन्दिर का कानून जायेगी। लेकिन उसकी जगह रामभक्ताें पर लाठियां चलवाना, संतो काे घसीटकर ले जाना, जुबाने बंद करवाना आदि बरबरता पूर्ण कार्य बीजेपी सरकार कर रही है। हमने एेसा कभी साेचा नही था। लेकिन यह देश के 80% हिन्दूआें का दुर्भाग्य है। पर हिन्दू इससे रूकने वाला नही है। वह राममन्दिर बनवाकर अवश्य ही रहेगा। ताेगड़िया ने कहाकि यह कितने दुख की बात है आमरण-अनशन कर रहे महन्त की पूजा फेंक दी गई, रामशिला और उनके तख्त काे पुलिस चाैकी में रखवा दिया गया।
यूपी में सीएम याेगी खुद महन्त हैं याेगी परमहंसदास काे अयाेध्या भेंज दाे। उन्हें अनशन करने दाे। लाेकतंत्र में शान्त रहकर अनशन करने का सबकाे अधिकार है। उन्होंने कहाकि आगामी 21 अक्टूबर काे लखनऊ में हम लाेगाें की संकल्प सभा हाेगी, जिसके लिए स्थान बुक करा दिया गया है। फिर वहां से हम सब पैदल बाराबंकी तक आयेंगे। उसके गाड़ियाें से अयाेध्या के लिए कूच करेंगे और देर रात्रि तक वहां पहुंच जायेंगे। 23 अक्टूबर तक सभी अयाेध्या में रहेंगे। माेदी सरकार से आशा रखते हैं कि तब तक अध्यादेश जारी कर राममन्दिर निर्माण प्रारम्भ करवा देगी और अगर एेसा नही करते हैं ताे 23 अक्टूबर को अयाेध्या से भारत के हर गांव-गांव व शहर की गलियों से राममन्दिर की आवाज उठाने की कार्य याेजना एक्शन प्लान अयाेध्या से शुरू हाेगी। उन्होंने कहाकि राम की कृपा जिनकाे चाहिए थी वह सीएम, पीएम बन गया। अब उनकाे नही चाहिए ताे दूसरा सीएम-पीएम राम ढूढ़ लेंगे। मैं अपनी 32 साल की साधना राम और हिन्दूआें के चरणाें में समर्पित है।
मेरा संकल्प है अयाेध्या में भव्य श्री राममन्दिर का जल्द से जल्द निर्माण हाे।
इस माैके पर संत करपात्री महाराज, खाक चाैक के महन्त परशुराम दास समेत अन्य माैजूद रहे।


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