डीएम व एसपी से भी लगाई गुहार, फिर भी पुलिसिया कार्रवाई नहीं पकड़ी रफ्तार
ए. आर. उस्मानी
गोण्डा। पांच दिन पहले नगर कोतवाली क्षेत्र से एक युवती को बहला फुसलाकर भगा ले जाया गया। इस सम्बंध में पीड़ित द्वारा कोतवाली में नामजद तहरीर दी गई। इस पर पुलिस ने आरोपी युवक के परिजनों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया, तब दूसरे दिन युवती की बरामदगी कराने का वादा किया गया। इस पर पुलिस ने उन्हें छोड़ दिया और इसके बाद हाथ पर हाथ रखकर बैठ गई। दूसरी तरफ पीड़ित परिवार परेशान है। जवान बेटी की बरामदगी के लिए मजबूर, बेबस और लाचार बाप कोतवाली तथा चौकी की लगातार परिक्रमा कर रहा है लेकिन पुलिस अपने में ही मस्त है। उसकी फरियाद सुनने वाला कोई नहीं है। यहां तक कि उसने डीएम और एसपी से भी न्याय की गुहार लगायी लेकिन नतीजा शून्य ही है। दिनदहाड़े हुई अपहरण की इस घटना में पांच दिन बाद भी पुलिस जांच और कार्रवाई के नाम पर सिर्फ टालमटोल कर रही है।
जिले की कोतवाली नगर क्षेत्र के छेदीपुरवा निवासी एक व्यक्ति कोतवाली में तहरीर दी है जिसमें कहा है कि उसकी करीब 20 वर्षीया बेटी का 19 अगस्त को उस समय दिनदहाड़े अपहरण कर लिया गया, जब वह अपने बेटे के साथ घर से बाहर गया हुआ था। वापस घर लौटा तो लड़की गायब थी। ढूंढने तथा रिश्तेदारों से संपर्क करने पर कहीं भी पता नहीं चला।
इस बीच मोहल्ले के कुछ लोगों से पता चला कि उसके घर के बगल चांदे पुत्र बफाती निवासी गायत्री पुरम आशादेव हॉस्पिटल के पीछे व राजा पुत्र वसीम निवासी छेदीपुरवा अक्सर आता जाता है। वही भगा ले गया है। आरोप है कि युवती घर में रखा 1 लाख 19 हजार रूपये के साथ ही करीब 1 लाख 25 हजार के सोने के जेवर तथा अपने कपड़े भी उठा ले गयी है। जब वह आरोपी युवक के घर तस्दीक के लिए गया तो परिजनों ने बताया कि परेशान न हो तुम्हारी बेटी कल दोपहर तक आ जाएगी।
इस सम्बंध में पीड़ित ने कोतवाली में तहरीर दी। आरोप लगाया कि उसकी बेटी को आशनाई की नीयत से गुमराह करके बहला फुसलाकर भगा ले गये हैं। पीड़ित पिता ने बेटी की हत्या की भी आशंका जताई लेकिन वाह रे मित्र पुलिस! मजबूर, बेबस और लाचार बाप की दर्द भरी फरियाद तुझे नहीं सुनाई दे रही है। ऊपर से आला अधिकारियों को भी कार्रवाई के नाम पर गुमराह किया जा रहा है।




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