अखिलेश्वर तिवारी
जनपद बलरामपुर के सिटी मांटेसरी इंटर कालेज का वार्षिकोत्सव समारोह मंगलवार की शाम धूमधाम से मनाया गया।
29 जनवरी की शाम विशुनापुर स्थित सिटी मांटेसरी गर्ल्स डिग्री कालेज परिसर में आयोजित कार्यक्रम में विद्यालय के छात्र-छात्राओं ने विभिन्न रंगारंग एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत कर दर्शकों का मन मोह लिया। फिल्मी गीतों की धुन पर थिरकते नौनिहालों ने अतिथियों के दिल में अमिट छाप छोड़ी। तालियों की गड़गड़ाहट से बच्चों का उत्साहवर्धन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी बृजेश यादव व विशिष्ट अतिथि नगर पालिका अध्यक्ष डा. धीरेंद्र प्रताप सिंह धीरू ने मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलन कर किया। अतिथियों के साथ प्रबंध निदेशक शाश्वत जोशी ने विद्यालय के प्रबंधक स्वर्गीय पटमेश्वरी प्रसाद जोशी व संस्थापिका स्वर्गीय मंजूलता जाेशी के चित्र पर माल्यार्पण कर नमन किया। शिक्षिका अंजली पाठक के निर्देशन में छात्राओं ने सरस्वती वंदना व महजबीन बानो के निर्देशन में स्वागत गीत के साथ सांस्कृतिक कार्यक्रमों की शुरुआत की। इसके बाद केजी व पहली कक्ष के नन्हे-मुन्नों ने धड़क-धड़क गीत पर मनमोहक नृत्य प्रस्तुत किया। कक्षा एक व दो के बच्चाें ने माता-पिता को समर्पित गीत प्रस्तुत किया। कक्षा तीन व चार की छात्राओं ने सौगंध मुझे इस मिट्टी की गीत पर प्रस्तुति देकर दर्शकों में देशप्रेम का जज्बा भर दिया। कक्षा पांच की छात्राओं ने गर्ल्स क्रिकेट थीम पर नृत्य प्रस्तुत किया। कक्षा नौ के विद्यार्थियों ने कहब ता लग जाई धक से गीत पर नृत्य प्रस्तुत किया। इसके बाद राम नाम का टिकट कटा लो, सांस्कृतिक एकता, हरियाणवी मैशअप, पंजाबी मैशअप, डार्लिंग मैशअप, धुरंधर मैशअप पर समूह नृत्य की दर्शकों की तालियां बटोरी। पोंगा पंडित बहरी बीवी, इंटरनेट मीडिया पर नाटक ने दर्शकों के दिल पर अमिट छाप छोड़ी। संचालन कर रहे प्रधानाचार्य केपी यादव ने अतिथियों व अभिभावकों के प्रति आभार व्यक्त किया। सहप्रबंधक मायाशंकर जोशी, अध्यक्ष जावेद सईद, डिग्री कालेज प्राचार्य सुरेंद्र कुमार मिश्र, तुलसीपुर के प्रधानाचार्य एबी गुप्त, उतरौला प्रधानाचार्य विजय बहादुर वर्मा, प्रधानाचार्य गोंडा एसपी पाठक, बहराइच प्रधानाचार्य आरपी पांडेय, शिक्षक रवींद्र सिंह, दिनेश आचार्य, अखिलेश गुप्त, उस्मान, अनवर, मयंक, सत्येंद्र मिश्र, सिद्धार्थ सिंह, अनिल श्रीवास्तव, आशीष का विशेष योगदान रहा ।
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