अखिलेश्वर तिवारी
जनपद बलरामपुर में एमएलके पीजी कॉलेज वनस्पति विज्ञान विभाग के सेमिनार सभागार में गुरुवार को महाविद्यालय में राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय अंतर्गत छात्र-छात्राओं की एक परिचयात्मक बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में विद्यार्थियों को दूरस्थ शिक्षा के माध्यम से भविष्य सवारने के लिए किए जा रहे प्रयासों के बारे में जानकारी दी गई।
16 अप्रैल को कार्यक्रम का शुभारंभ महाविद्यालय प्रबंध समिति के सचिव कर्नल संजीव कुमार वार्ष्णेय, मुख्य अतिथि प्रभारी रीजनल सर्विसेज डिवीज़न प्रो0 देवेश रंजन त्रिपाठी, निदेशक शोध प्रो0 पी के पाण्डेय, डॉ सुरेन्द्र कुमार, प्राचार्य प्रो0 जे पी पाण्डेय, समन्वयक आई क्यू ए सी प्रो0 श्रीप्रकाश मिश्र व समन्वयक राजर्षि टंडन विश्वविद्यालय व विभागाध्यक्ष डॉ वनस्पति विज्ञान डॉ राजीव रंजन ने किया। प्रो0 देवेश रंजन त्रिपाठी ने उपस्थित छात्र-छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश राजर्षि टण्डन मुक्त विश्वविद्यालय (UPRTOU) का मुख्य उद्देश्य दूरस्थ शिक्षा के माध्यम से उच्च शिक्षा को सभी के लिए सुलभ, लचीला और किफायती बनाना है।
यह विश्वविद्यालय पारंपरिक शिक्षा से वंचित, सेवारत व्यक्तियों, और दूरदराज के छात्रों को विविध डिग्री व डिप्लोमा कार्यक्रमों द्वारा सशक्त बनाता है। प्रो0 पी के पाण्डेय ने दूरस्थ शिक्षा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि जीवन भर शिक्षा" (Lifelong Learning) के दृष्टिकोण को बढ़ावा देने के साथ ही ज्ञान समाज की जरूरतों को पूरा करने के लिए उच्च गुणवत्ता वाली शिक्षा प्रदान करना है।
सचिव कर्नल संजीव कुमार वार्ष्णेय ने कहा कि दूरस्थ शिक्षा विद्यार्थियों के भविष्य को सवारने में एक सशक्त माध्यम है। प्राचार्य प्रो0 जे पी पाण्डेय ने सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए महाविद्यालय के इतिहास पर प्रकाश डाला। समन्वयक व विभागाध्यक्ष डॉ राजीव रंजन ने सभी के प्रति आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का संचालन महाविद्यालय के एसोसिएट एन सी सी ऑफिसर लेफ्टिनेंट(डॉ) देवेन्द्र कुमार चौहान ने किया। कार्यक्रम में समन्वयक आई क्यू ए सी प्रो0 एस पी मिश्र ने भी अपने विचार व्यक्त किया । इस अवसर पर कई शिक्षक व छात्र -छात्राएं मौजूद रहीं।
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