कटघरे में पुलिस, गुस्से में फॉलोअर्स, हत्या की आशंका
ए. आर. उस्मानी
गोण्डा। युवा सोशल एक्टिविस्ट प्रदीप मिश्र कात्यायन की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत को लेकर पूरे जिले में गुस्सा चरम पर है। हत्या को दुर्घटना बताकर प्रशासन के पल्ला झाड़ने के रुख को लेकर तीखा आक्रोश है। लोग इसे हादसा मानने को कतई तैयार नहीं हैं, जबकि इस मामले में प्रशासन गूंगा-बहरा बना हुआ है।
बताते चलें कि सोमवार की रात बेहद संदिग्ध परिस्थितियों में जिले के युवा सोशल एक्टिविस्ट प्रदीप मिश्र की मौत हो गई थी। क्षत विक्षत स्थिति में उनकी लाश बीच सड़क पर पायी गयी, जबकि बाइक सुरक्षित मिली। इसके बाद हड़कंप मच गया। समर्थक और परिजन हादसे की बात से इंकार कर रहे हैं और इसकी एसआईटी से जांच की मांग करते हुए पुलिस और प्रशासन की खामोशी पर बेहद गुस्से का इजहार कर रहे हैं। सोशल मीडिया पर प्रदीप मिश्र की मौत को लेकर ग़म और गुस्से का ज्वालामुखी दहक रहा है। फॉलोअर्स बेहद गुस्से में हैं। इस घटना से पुलिस की कार्रवाई पर भी सवाल खड़ा किया जा रहा है।
बुधवार को वकीलों ने प्रदर्शन कर ज्ञापन सौंपा। बार एसोसिएशन ने एसआईटी जांच की मांग करते हुए मृतक के परिजनों को पचास लाख मुआवजा देने की मांग की है। अध्यक्ष राम कृपाल शुक्ला व महामंत्री विनय कुमार मिश्रा ने कहा है कि होनहार और कलम के धनी प्रदीप मिश्र कात्यायन फोरलेन निर्माण में बाधक एक होटल पथिक इन के विरुद्ध धरना देने जा रहे थे। प्रशासन को नींद से जगाने के लिए होने वाले इस धरने से पहले ही एक गहरी साजिश कर उन्हें मौत के घाट उतार दिया गया। बार एशोसिएशन ने घटना को दुर्घटना मानने से इंकार करते हुए उच्चस्तरीय जांच की मांग की है। आरोप है कि अतिक्रमणकारियों ने एक साजिश के तहत घटना को अंजाम दिया है, जिसकी एसआईटी जांच और परिवार की सुरक्षा जरूरी है। जनसामान्य और अधिवक्ता समाज इस घृणित कृत्य की कठोर निंदा करता है।
वरिष्ठ अधिवक्ता गोकरन नाथ पांडेय, माधवराज शर्मा, बिन्देश्वरी दूबे, राम बिहारी मिश्रा, नंद गोपाल पांडेय, देवेश प्रताप सिंह, धनुषधारी श्रीवास्तव, ज्ञान चन्द्र श्रीवास्तव आदि ने एसआईटी जांच की मांग की है। इसी क्रम में परसपुर विकास मंच ने दिवंगत को भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की है। जगन्नाथ प्रसाद इंटर कॉलेज में पूर्व प्रवक्ता राम मनोहर तिवारी की अध्यक्षता में शोक सभा हुई। दो मिनट का मौन रखते हुए घटना की न्यायिक जांच की मांग की गई। इस मौके पर अरुण कुमार सिंह, बी.डी. सिंह, श्याम सिंह, हर्षित सिंह, अभिषेक गोस्वामी, राम सुंदर पांडेय, त्रिलोकीनाथ, मशरूफ अहमद आदि मौजूद रहे।
कंचनपुर में लगा रहा संवेदना देने वालों का तांता
रूपईडीह की ग्राम पंचायत फरेंदा शुक्ल के मजरा कंचनपुर के प्रदीप मिश्र उर्फ प्रदीप कात्यान की संदिग्ध परिस्थितियों में दर्दनाक मौत को लेकर शोक संवेदना व्यक्त करने वालों का तांता लगा रहा। पूर्व प्रधान कौशल तिवारी, पूर्व प्रधान नियाज अहमद, समाजवादी सेक्युलर मोर्चा के जिलाध्यक्ष सुरेश कुमार शुक्ल, फहीमुर्रहमान उर्फ मंटू काजी, गोण्डा नगरपालिका के पूर्व चेयरमैन कमरूद्दीन, युवा सोशल एक्टिविस्ट सादिक़ ज़फ़र, अनिल अवस्थी ने उनके आवास पर जाकर शोक जताया।
सीएम से 25 लाख मुआवजे की मांग
समाजसेवी प्रदीप शुक्ल, रानी लक्ष्मीबाई वीरता पुरस्कार से सम्मानित शराब एक्टिविस्ट मोहिनी आज़ाद, छात्र नेता अंकित शुक्ला, रघु बाबा समाज सेवा संस्थान के अध्यक्ष राजकुमार दूबे उर्फ गोली दुबे ने मुख्यमंत्री व डीएम को एक पत्र देकर उनके परिवार को 25 लाख मुआवजा दिलाने, उनके बच्चों की पढ़ाई की देखभाल करने व उनकी मृत्यु की मजिस्ट्रेटी जांच की मांग की है।
सीसीटीवी जांच की मांग
मृतक प्रदीप मिश्र के बहनोई मनोज कुमार दीक्षित व योगेश दीक्षित ने जिला प्रशासन से उनकी मृत्यु की मजिस्ट्रेट से जांच व गोंडा रोडवेज के निकट संचालित मॉडल शॉप में लगे सीसीटीवी की जांच की मांग की है। आशंका जताई जा है कि साजिशकर्ता ने कहीं उन्हें वहां ले जाकर प्लानिंग के तहत तो कार्य नहीं किया है?


एक टिप्पणी भेजें
0 टिप्पणियाँ