पति-पत्नी के बीच हुई थी मामूली कहासुनी, 10 हजार रूपये मांग रहे थानाध्यक्ष
पंकज कुमार सिंह
नवाबगंज, गोण्डा। नवाबगंज पुलिस की बेलगामी और तानाशाही का खामियाजा क्षेत्र के युवक को पिछले 30 घंटों से भुगतान पड़ रहा है। पति-पत्नी के बीच हुई मामूली कहासुनी में अब पुलिस अपना विलेन का रोल अदा कर रही है। ससुरालवालों की सहमति के बावजूद पुलिस युवक को बगैर किसी तहरीर के हिरासत में रखे हुए है और उसे छोड़ने के लिए 10 हजार रूपये मांग रही है।
मामला नवाबगंज थाना क्षेत्र के अकबरपुर चकवहाब गांव का है। यहां के निवासी अरशद का सोमवार की सुबह करीब 6 बजे अपनी बीवी से किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई। पति से नाराज पत्नी ने डायल 100 पर मारने पीटने की सूचना दी। इस पर डायल 100 गांव में गयी और खेत में काम कर रहे युवक को पकड़कर थाने ले आई।
आरोप है कि डायल 100 ने युवक को छुड़वाने के लिए ऑफर रखा जिसे उसने रिफ्यूज कर दिया। इसके बाद थाने की पुलिस भी उसे तरह तरह की धमकियां देने लगी। थाना परिसर शाम तक पंचायत का अखाड़ा बना रहा। शाम को उसके ससुराल वाले घर चले गए और युवक को पुलिस ने हवालात में डाल दिया। आरोप है कि उसने जब छोड़ने की बात की तो पुलिस ने 10 हजार रूपये की भारी भरकम डिमांड कर दी। डिमांड पूरी न होने पर आखिरकार युवक को रात हवालात में गुजारनी पड़ी।
सोमवार पूरा दिन और पूरी रात बगैर किसी लिखापढ़ी के हवालात में कैद रखने वाली नवाबगंज पुलिस इस मामले में अधिकारियों को भी गुमराह कर रही है। नवाबगंज पुलिस युवक के साथ अपराधियों जैसा बर्ताव कर रही है। जिस तरह उसे पति पत्नी के बीच हुई मामूली सी कहासुनी के मामले में युवक को 30 घंटे से हिरासत में लिए है, इस तरह वह संगीन अपराध करने वालों के साथ भी नहीं करती है।


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