सुनील उपाध्याय
बस्ती :वेतन संहिता अधिनियम 2019 को श्रमिक व कर्मचारी विरोधी विधेयक करार देते हुए श्रमिक संगठनों के देश व्यापी विरोध के आवाहन के क्रम में सी.आई.टी.यू. और एटक से सम्बद्ध यूनियनों द्वारा जिलाधिकारी कार्यालय और उप श्रमायुक्त कार्यालय पर प्रदर्शन किया गया
यूपी एम एस आर ए,मिड डे मील रसोइया कर्मचारी यूनियन ,आशा कर्मचारी यूनियन ,विद्दयुत कर्मचारी संघ ,जलकल ऑपरेटर यूनियन, रेलवे ठीका मजदूर यूनियन ,पटरी व्यवसायी यूनियन के साथियो ने सीटू आफिस से जुलूस निकाल कर जिलाधिकारी कार्यालय तथा उपश्रमायुक्त कार्यालय पर प्रदर्शन करते हुए प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन प्रशासनिक अधिकारी व उप श्रमायुक्त को दिया।
श्रमिक नेताओ ने विधेयक द्वारा 15 स्थापित मजदूर हितों के कानून को समाप्त किये जाने का विरोध करते हुए कहा विधेयक में काम के घंटे की अनिवार्यता समाप्त करने , श्रम कानूनों के तहत प्रतिष्ठानों की जांच के अधिकार को समाप्त करने ,स्वास्थ्य ,बीमा शामिल न होने , संविदा और मानदेय कर्मियों को आच्छादित करने की आवश्यकता है
कार्यक्रम में सीटू नेता कामरेड के के तिवारी ,एटक नेता कामरेड अशर्फीलाल, राम अजोर, राज नारायण मिश्र ,यू पी एम एस आर ए के नेता राकेश उपाध्याय ,रंजीत श्रीवास्तव, मिड डे मील रसोइया कर्मचारी यूनियन के ध्रुव चंद ,आशा कर्मचारी यूनियन की विमला यादव ,संजू चौधरी,जल कल ऑपरेटर यूनियन के राकेश गुप्ता ,चीनी मिल यूनियन के शेषमणि ,विद्दयुत कर्मचारी संघ के गजेंद्र श्रीवास्तव ,पटरी व्यवसायी यूनियन के बैजनाथ गुप्ता,रेलवे ठीका मजदूर यूनियन के कमलेश सिंह सहित गंगा राम निषाद,मनीष श्रीवास्तव,राघवेंद्र भट्ट,विशाल श्रीवास्तव,गंगेश्वर पाण्डेय सुनील श्रीवास्तव,शाहिद,नागेंद्र शुक्ल,राजन यादव, हीरा लाल, शिव चरण,राम प्रकाश,पंकज राव,जोगेंद्र,बृजेश सोनकर सहित दर्ज़नो शामिल रहे ।


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